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कांग्रेसियों ने आशा वर्करों के साथ मनाई स्व. इंदिरा गांधी की पुण्यतिथि

सरदार वल्लभ भाई पटेल को भी किया नमन

फरीदाबाद। देश की प्रथम महिला प्रधानमंत्री स्व. इंदिरा गांधी की 33वीं पुण्यतिथि व सरदार वल्लभ भाई पटेल जयंती कांग्रेसी नेताओं ने पटेल नगर में आशा वर्करों के साथ सादगीपूर्वक मनाई। कार्यक्रम में मुख्यातिथि के रुप में फरीदाबाद प्रभारी एवं कांग्रेस प्रदेश महासचिव प्रदीप जैलदार मौजूद थे वहीं कार्यक्रम का आयोजन इंदिरा गांधी शताब्दी कमेटी के प्रदेश प्रवक्ता विकास चौधरी द्वारा किया गया। सर्वप्रथम कांग्रेसी नेताओं ने जहां इंदिरा गांधी की चित्र पर पुष्प अर्पित किए वहीं सरदार वल्लभ भाई पटेल को भी याद करते हुए नमन किया। उपस्थितजनों को संबोधित करते हुए प्रदीप जैलदार ने कहा कि इंदिरा गांधी अपनी प्रतिभा और राजनीति दृढ़ता के लिए विश्व राजनीति के इतिहास में जानी जाती है, इसी कारण उन्हें लौह महिला के नाम से भी संबोधित किया जाता है वहीं पंजाब से आतंकवाद को सफाया करने के लिए भी उनको जाना जाता है। उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी के शासनकाल के दौरान ही सन् 1971 में पाकिस्तान के खिलाफ ऐतिहासिक लड़ाई लड़ी गई थी और 14 दिन के अंदर धूल चटाकर पाकिस्तान को दो टुकड़ों में विभाजित कर बंगलादेश का निर्माण करवाया था।  श्री जैलदार ने कहा कि राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता, इसलिए हम सभी को उनके आदर्शाे का अनुसरण करते हुए देश व समाजहित में कार्य करने चाहिए। इस मौके पर प्रदेश प्रवक्ता विकास चौधरी ने कहा कि स्व. इंदिरा गांधी निडर एवं कुशल राजनीतिज्ञ थी, जिन्होंने देश को आर्थिक रुप से मजबूत करने की पहल की। वह हमेशा कहती थी कि उनके शरीर के खून का एक-एक कतरा देश के लिए न्यौछावर है और आतंकवाद का सफाया करते हुए उन्होंने देश के लिए अपने प्राणों की आहुति देकर अपने इस कथन को सही साबित भी किया। उन्होंने कहा कि कृषि में आधुनिकता एवं बैंक के राष्ट्रीकरण जैसे अनेकों योजनाएं स्व. गांधी की ही देन है, जिसके लिए वह सदैव याद रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल स्वतंत्रता सेनानी थे और भारत की आजादी के बाद वह प्रथम गृहमंत्री व उपप्रधानमंत्री बने। बारडोली सत्याग्रह का नेतृत्व कर रहे पटेल को सत्याग्रह की सफलता पर वहां की महिलाओं ने सरदार की उपाधि दी थी तथा आजादी के बाद विभिन्न रियासतों में बिखरे भारत के भू-राजनीतिक एकीकरण में केंद्रीय भूमिका निभाने के लिए पटेल को भारत का बिस्मार्क और लौहपुरूष भी कहा जाता है। उन्होंने कहा कि ऐसे महान विभूतियों के कारण ही आज भारत उन्नति की ओर अग्रसर हुआ है इसलिए हम सभी को इन आदर्शाे को अपनाते हुए समाज को बांटने वाली ताकतों के खिलाफ एकजुट होकर लडऩे का संकल्प लेना चाहिए। कार्यक्रम में उपस्थित सैकड़ों आशा वर्करों ने एक स्वर में मौजूदा भाजपा सरकार पर महंगाई व बेरोजगारी बढ़ाने का आरोप लगाते हुए कहा कि इस सरकार में उनके समक्ष घर का गुजारा करना भी मुश्किल हो गया है इसलिए वह आज इन महान विभूतियों के सामने यह शपथ लेती है कि जब तक राहुल गांधी को प्रधानमंत्री नहीं बना देती, तब तक रोज अपने दिनचर्या में से दो घण्टे निकालकर सरकार की बेकादियों व कांग्रेस पार्टी की जनकल्याणकारी नीतियों का प्रचार-प्रसार घर-घर में गृहणियों से मिलकर करेगी। इस मौके पर आशा शर्मा, ममता, उर्मिला, प्रतिमा, नीलम, प्रमिला, संतलाल, हरिलाल गुप्ता, अनिल कश्यप, इंद्रदेव, सुशीला, चंद्रमुखी, बबीता, मुन्नी, नीतू, शांति, पिंकी, शोभा, महालक्ष्मी, मंजू, सारो, किरण, गीता, आरती, मिथलेश, ब्रह्मप्रकाश गोयल, सुखविंद्र जैलदार, नित्ता पहलवान, इंद्रीश खान, सुनील यादव, सोनू मलिक, आशीष सिंह, सोनू बडगुर्जर, रोहताश शर्मा सहित अनेकों गणमान्य लोग मौजूद थे।

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