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नवाज पनामा पेपर्स मामले में काेर्ट में पेश

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ बहुचर्चित पनामा पेपर्स लीक मामले में राष्ट्रीय जबावदेही ब्यूरो (एनएबी) की अदालत में आज पेश हुए। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले श्री नवाज को प्रधानमंत्री पद के लिए अयोग्य घोषित कर दिया था जिसके बाद उनके खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला चल रहा है।
श्री शरीफ (67) अपनी बेटी मरियम शरीफ के साथ अदालत में पेश हुए। मरियम पर भी मुकदमा चल रहा है। श्री शरीफ और उनके दोनों बेटों के नाम एनएबी के तीनों मामलों में है जबकि मरियम और उनके पति कैप्टन मोहम्मद सफदर लंदन के एवेनफील्ड मामले में नामजद हैं।
श्री शरीफ भ्रष्टाचार के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहते रहे हैं कि उन्हें आैर उनके परिवार को राजनीतिक षडयंत्र के तहत फंसाया गया है।
श्री शरीफ के खिलाफ एनएबी ने पिछले माह के अंतिम सप्ताह जमानती वारंट जारी किया। अदालत ने श्री शरीफ परिवार के लंदन के फ्लैटों से संबंधित पहली सुनवाई पूरी करने से पहले श्री शरीफ की जमानत लेने वाले से कड़ाई से पूछा था कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वयं क्यों क्यों नहीं उपस्थित हुए। श्री शरीफ के खिलाफ यह जमानती वारंट अल-अजीजिया स्टील मिल्स और हिल मेटल इस्टिैबलिशमेंट मामले में जारी किया गया। अदालत ने लंदन में एवेनफील्ड फ्लैट मामले की सुनवाई तीन नवंबर तक के लिए स्थगित कर दी थी।
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने प्रधानमंत्री पद के लिए अयोग्य ठहराए जाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के समक्ष समीक्षा याचिका दायर की थी। उन्होंने पनामा पेपर्स मामले में अंतिम फैसला रद्द करने के लिए अलग से आवेदन दिया था जिसमें उन्होंने कहा था कि संविधान की धारा 188 के तहत उन्हें बिना सुनवाई के प्रधानमंत्री पद से अयोग्य करार नहीं दिया जा सकता।
राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो ने श्री शरीफ के बेटों हुसैन और हसन शरीफ को अदालत में उपस्थित होने के लिए 30 दिन का समय दिया है जो 10 नवबंर को खत्म हो रहा है। अगर वे इस अवधि में उपस्थित नहीं होते हैं तो उन्हें अपराधी घोषित कर दिया जाएगा और उनकी संपत्ति जब्त कर ली जाएगी।
समाचार पत्र ‘डॉन’की रिपोर्ट के अनुसार श्री शरीफ के बेटों ने भ्रष्टाचार के मामलों की कार्रवाई में शामिल न होने का निर्णय लिया था। अगर अदालत वे अदालत में पेश नहीं होते हैं तो उनके खिलाफ वारंट जारी करने की प्रक्रिया 30 दिनों की अवधि के पूरा होने के बाद शुरू कर दी जायेगी।
इस बीच पाकिस्तान की भ्रष्टाचार-रोधी अदालत ने हाल ही में सुश्री मरियम आैर उनके पति मोहम्मद सफ़दर को लंदन की एवनफ़ील्ड संपत्ति से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले में दोषी ठहराया है। राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो ने इस वर्ष आठ सितंबर को इस्लामाबाद में श्री शरीफ और उनके परिवार के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया था। इससे पहले 28 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने श्री शरीफ को प्रधाननमंत्री पद के लिए अयोग्य घोषित किया था।

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