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बाजारों में दिखने लगी दिवाली की रौनक, मिलावट खोर भी हुए सक्रिय

फरीदाबाद।  दिवाली के चलते बाजारों में रौनक बढ़ गई है। गिफ्ट आइटमों से बाजार सज गए हैं तो घर की साज सजावट को झालरों की भी खरीदारी होने लगी है। एनआइटी के परंपरागत बाजारों के अलावा सेक्टर की मार्केट तथा मॉल्स में भी दिवाली के चलते लोगों ने खरीदारी शुरू कर दी है। त्योहारी सीजन में गिफ्ट पैक करने के लिए गिफ्ट बॉक्स का कारोबार बढ़ रहा है। विभिन्न तरह के गिफ्ट पैक से बाजार सज गए हैं। क्रॉकरी में डिनर सेट, टी सेट, इंडेक्शन चूल्हे, प्रेशर कुकर, डिजाइनर कप और मग भी पसंद किए जा रहे हैं। गुलशन क्रॉकरी के संचालक अमित कुमार ने बताया कि जैसे-जैसे दिवाली नजदीक आती जाती है, कारोबार बढ़ता जाता है। बहुत से लोग दिवाली से एक, दो दिन पहले ही सगे, संबंधियों में उपहार बांटते हैं। आकर्षण का केंद्र बनी है कोलकाता के झालर: एनआइटी पांच नंबर मार्केट में कोलकाता के झालर बाजार में आए लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं। अलग-अलग वैरायटी तथा रंगबिरंगी झालरों की खूब खरीदारी हो रही है। विशेषता है कि ये सभी झालर हाथों से ही बनाए गए हैं। विक्रेता मनीष कुमार ने बताया क घर की साज-सजावट के लिए हस्त निर्मित झालरों की खासी मांग है। झालरों की अलग-अलग कीमतें हैं। उधर  त्यौहारी सीजन में मिलावटी खाद्य पदार्थ और मिठाईयों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए स्वास्थ्य विभाग विशेष अभियान चलाएगा। इस दौरान यूपी, राजस्थान एवं दूसरे राज्यों से आने वाले मिलावटी खाद्य पदार्थाे पर विशेष नजर रखी जाएगी। इस दौरान पुलिस की मदद से बॉर्डर एरिया में नाका लगाया जाएगा। इस विशेष अभियान के तहत बल्लभगढ़, ओल्ड फरीदाबाद सहित शहर की पॉश कालोनियों के थोक और खुदरा मिठाई विक्रेताओं पर भी विभाग की विशेष नजर होगी। पिछले वर्ष सीजन में शहर के विभिन्न क्षेत्रों से 44 नमूने लिए गए थे। इनमें से करीब 5 नमूने फेल पाए गए थे। गौरतलब है कि दीपावली के दौरान मिलावटी खोया, दूध, मिठाईयां और मावा की बिक्री बढ़ जाती है। इसके अनुरुप सप्लाई नहीं हो पाती है। इसे दूर करने के लिए राजस्थान, आगरा, मेरठ और यूपी व अन्य कई जगहों से भी खोया, मावा और दूध मंगाया जाता है। अधिकारियों का मानना है कि इसमें मिलावट होने की आशंका होती है इसलिए उनका यही प्रयास है कि इन जगहों से नकली माल शहर में प्रवेश न हो पाए। एरिया बड़ा होने के कारण बाद में मिलावटी खाद्य पदार्थ का पता लगाना थोड़ा मुश्किल हो जाता है। इस दौरान स्थानीय पुलिस की भी सहायता ली जाएगी। इस संबंध में जल्द ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से संपर्क किया जाएगा। अगर किसी व्यक्ति को मिलावटी खाद्य पदार्थ के संबंध में शिकायत करनी है तो वह सिविल सर्जन कार्यालय में कर सकेगा।

 

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