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मानव रचना द्वारा आयोजित जीडी प्रो जूनियर के तीसरे संस्करण के विजेता का ऐलान!

> दिल्ली पब्लिक स्कूल, सेक्टर 19, फरीदाबाद से दीपाक्षी ने जीती ट्राॅफी <
> देश भर के 100 स्कूलोें से 16,000 छात्र जीडी प्रो जूनियर से हुए लाभान्वित <

विजेताः 

पहलाः मिस दीपाक्षी, दिल्ली पब्लिक स्कूल, सेक्टर 19, फरीदाबाद
दूसराः मि. तुल्हन, इंदिरापुरम पब्लिक स्कूल, गाज़ियाबाद
तीसराः मिस सेल्वी, लोटस वैली इंटरनेशनल स्कूल, नोएडा
कंसोलेशनः मिस श्रेया ग्रोवर, भटनागर इंटरनेशनल स्कूल और मिस बृंदा, कुंसकपस्कोलन स्कूल

विजय न्यूज़ ब्यूरो
दिल्ली। मानव रचना एजुकेशनल इंस्टीट्यूशन्स द्वारा आयोजित जीडी प्रो जूनियर ने अपने आप को एक उल्लेखनीय प्रतियोगिता के रूप में स्थापित कर लिया है। पिछले सालों के दौरान 150 से अधिक प्रख्यात स्कूलों से 20,000 से ज़्यादा छात्र इसमें हिस्सा ले चुके हैं। मानव रचना ने इस साल दिल्ली, फरीदाबाद, नोएडा, गुड़गांव, गाज़ियाबाद, चंडीगढ़, लुधियाना, हैदराबाद, रांची और करनाल में जीडी प्रो जूनियर कार्यशालाओं का आयोजन किया।

110 से ज्यादा स्कूलों से छात्रों को जीडी प्रो के रीजनल राउण्ड्स में हिस्सा लेने के लिए शाॅर्टलिस्ट किया गया, उन्हें प्रशिक्षण भी दिया गया। हीट्स (प्रीलिम्स और क्वार्टर फाइनल) का आयोजन राष्ट्रीय स्तर पर हुआ। सख्त जांच प्रक्रिया के बाद जजों ने आज मानव रचना परिसर में आयोजित जीडी प्रो जूनियर फिनाले में 15 फाइनलिस्ट्स का ऐलान किया। राष्ट्रीय कौशल विकास निगम के सीएफओ श्री प्रकाश शर्मा इस मौके पर मुख्य अतिथि थे।

दिग्गज जजों के पैनल में शामिल थे- कर्नल ए के राजपाल; श्री अशोक बिन्द्रा, सीईओ, ओपन मीडिया; और मिस चंद्रिका चैधरी, रीजनल हैड आॅफ टैकसेशन, इंटर टेक मीडिया। फाइनलिस्ट्स ने ‘क्या उच्च शिक्षा में केवल आरक्षण सामाजिक समानता का एकमात्र विकल्प है’ विषय पर अपने विचार प्रस्तुत किए। विभिन्न मानकों जैसे औपचारिक भाषा, विचार, आपसी सम्मान, श्रवण कौशल, नेतृत्व एवं सामुहिक प्रबंधन कौशल के आधार पर विजेताओं का चयन किया गया। विजेताओं को 1.5 लाख रु के नकद पुरस्कार दिए गए।

इस मौके पर श्री प्रकाश शर्मा ने छात्रों को संबोधित करते हुए 5 डी Desire, Discipline, Determination, Dedication and Divine Intervention यानि इच्छा, अनुशासन, दृढ़ विश्वास, समर्पण और दैविक हस्तक्षेप के महत्व पर ज़ोर दिया।

उन्होंने प्रोफेसर (डाॅ) संजय श्रीवास्तव, एमडी, एमआरईआई के विचारों को दोहराते हुए कहा ‘‘सभी महान लोगों का एक उद्देश्य होता है, जबकि अन्य लोगों की केवल इच्छाएं होती हैं। आज हमारे बीच यहां मौजूद ज़्यादातर प्रतिभागियों के जीवन में कोई न कोई उद्देश्य है।’’

इस मौके पर प्रतिभागी स्कूलों से हिस्सा लेने वाले वरिष्ठ अध्यापकों में शामिल थे- मिस संयोगिता शर्मा, डायरेक्टर प्रिंसिपल, मानव रचना इंटरनेशनल स्कूल; श्री अमित भटनागर, हैड आॅफ करियर डेवलपमेंट सेंटर।

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