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Category: विचार

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विचारक (लघुकथा)

मेरे एक परिचय के अंकल जी पक्के बौद्धिस्ट और वामपंथी विचारक थे। मंच से उनके ओजस्वी भाषणों से मैं काफी प्रभावित था। समय-समय पर फोन से उनसे बात करके बहुत

दस सालों से नौकरी की बाट देख रहें है हरियाणा के बीटेक आई.टी.आई. अनुदेशक

राजधानी से सटे हरियाणा राज्य में पिछले छह माह से भर्ती प्रक्रिया बंद ही समझी जाये. हरियाणा सरकार ने कोरोना लॉक डाउन से पहले जो भर्ती विज्ञापन जारी किये थे

नरेन्द्र मोदी रूपी रोशनी का भारत 

श्री नरेंद्र मोदी के 70वें जन्म दिवस- 17 सितम्बर 2020 पर विशेष एक संकल्प लाखों संकल्पों का उजाला बांट सकता है यदि दृढ़-संकल्प लेने का साहसिक प्रयत्न कोई शुरु करे।

व्यंग : एजेंडा वही जो वोट दिलाए

वे पार्टी मुख्यालय में गए । उन्होंने गाड़ी को सीधे फव्वारे के नीचे स्नान करने के लिए खड़ा कर दिया । बाहर तेज गर्मी थी । अंदर एयर कंडीशनर में

कितने दूध के धुले हैं उमर खालिद

दिल्ली में इसी साल फरवरी में भड़काए गए दंगों के सिलसिले में दिल्ली पुलिस ने जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू)के पूर्व छात्र नेता उमर खालिद को अन्ततः गिरफ्तार कर ही लिया

शिकागों में स्वामी विवेकानंद

“उठो, जागो और तब तक नहीं रुको जब तक लक्ष्य ना प्राप्त हो जाये।” विवेकानंद की यह पंक्तियां आज भी युवाओं को ऊर्जावान करने में काफी उपयोगी है। उस समय

गूगल के बिना जिंदगी अधूरी सी लगती है: जांगिड़

जमाना गूगल का है। समूची दुनिया गूगल में सिमट गई है। किसी भी तरह की जानकारी इस प्लेटफॉर्म से मुहैया हो जाती है। व्यक्तिगत जानकारी अगर किसी की लेनी हो

सामयिक व्यंग्य: ‘ हरामखोर लड़की ‘ नहीं, ‘ बेईमान नॉटी गर्ल ‘ डिक्शनरी में वर्ड एड कर लीजिए जनाब…..

आप भी समझ रहे होंगे, यह कैसी शब्दावली है। ‘हरामखोर लड़की ‘ का मतलब ‘ बेईमान नॉटी’ गर्ल कब से होने लगा है। हमने तो सदा ‘हरामखोर’ यह शब्द गाली

  ‘बहुमूल्य जीवन को आत्महत्या से बचाएं’

मानवीय जीवन में आत्महत्या एक असामान्य व्यवहार है।  जिसमें प्राणी स्वयं की हत्या करता है। पहले व्यक्ति में बार-बार आत्महत्या के विचार आते हैं, उसके बाद वह आत्महत्या कैसे किया

विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर जागरूकता सन्देश 

निःसंदेह, आत्मा अजर, अमर और अविनाशी है। भगवान श्री कृष्ण ने गीता (2/20) के माध्यम से स्पष्ट यह उद्घोष किया है – यह आत्मा किसी काल में भी न तो

व्यंग्य : सिंघम बनोगे या चीवींगम!

कुछ दिन पहले हैदराबाद में आई.पी.एस. प्रशिक्षण समाप्ति समारोह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने प्रत्यक्ष व परोक्ष रूप से कहा कि पुलिस की वर्दी ऐसी है जिसे पहनते ही

अब राजनैतिक दल भी हुए ‘विदेशी’ व  ‘घुसपैठिये’ ?

राजनैतिक दल एक दूसरे पर आरोप प्रत्यारोप तो हमेशा से ही करते रहे हैं। अपने को जनहितैषी बताना तथा मतदातों को यह समझाना कि जनता व देश का हित केवल

एमए इन उपेक्षित व्यवहारगत परिवर्तन

पिछले कुछ सालों से मेरे लिए कोई काम नहीं है। अब मेरा एक ही काम है अपने परिचितों से आँखें चुराना। देखते ही कन्नी काट कर इधर-उधर छुप जाना। कारण

कोविड 19 औऱ भारतीय प्रशासनिक सेवा 

70 साल बाद भी नागरिक प्रशासन में औपनिवेशिक भार से दबा भारत..! मप्र में प्रमुख सचिव स्वास्थ्य के पद से हटाए गए अफसर बीए पास कर आईएएस बने है।इसी तरह

भारतीय संस्कृति के ध्वजवाहक स्वामी विवेकानन्द    

1893 में शिकागो में धर्म सम्मेलन (पार्लियामेंट आफॅ रिलीजन ) में स्वामी विवेकानंद ने अपने ओजस्वी विचारों से अतीत के अधिष्ठान पर वर्तमान और वर्तमान के अधिष्ठान पर भविष्य का

कोरोना संक्रमण की बढ़ती रफ्तार की चिन्ता

कोरोना महामारी के प्रकोप से निपटने की चुनौतियां लगातार बढ़ रही हैं हर दिन संक्रमण और संक्रमण से होने वाली मौतों के आंकड़े नई ऊंचाई छू रहे हैं। भारत में

संसदीय व्यवस्था से प्रश्नकाल ’को हटा दिया जाना चौंकाने वाला है

भारत के लोगों ने खुद के लिए एक संविधान बनाया है जो हमारे लोकतंत्र के लिए सरकार को एक संसदीय रूप प्रदान करता है जिसमें कार्यपालिका एक विधायिका के माध्यम

महंगा कोरोना इलाज एक त्रासदी

कोरोना महामारी ने भारतीय चिकित्सा क्षेत्र की विसंगतियों एवं दुर्भाग्यपूर्ण स्थितियों की पोल खोल दी है। भले केन्द्र सरकार की जागरूकता एवं जिजीविषा ने जनजीवन में आशा का संचार किया

अर्श से फर्श पर गिरना चंदा कोचर का

सच में जब समाज और देश के कोई सम्मानित और प्रतिष्ठित नायक किसी गलत कृत्य के कारण फंसते हैं, तो उनके प्रशंसकों का मन उदास हो जाता है। उनके गलत कामों

महंगा कोरोना इलाज एक त्रासदी

कोरोना महामारी ने भारतीय चिकित्सा क्षेत्र की विसंगतियों एवं दुर्भाग्यपूर्ण स्थितियों की पोल खोल दी है। भले केन्द्र सरकार की जागरूकता एवं जिजीविषा ने जनजीवन में आशा का संचार किया

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