National Hindi Daily Newspaper
ब्रेकिंग न्यूज़

Category: रामविलास जांगिड़

Total 45 Posts

व्यंग्य : यारों ये शूल चुभाओ कोई बेवकूफ आया है!

कर्ज लेकर महंगी शादी करना बहुत भारी समझदारी है। चमकदार बड़े-बड़े टेंट और 1 दिन के लिए बारात में ढेरों गाड़ियां लहराना गजब का साहस है! डीजे, ढोल, बैंड, ताशा

व्यंग्य : चमचा हर पल राखिए चमचा जीवन फूल

सड़क से लेकर सत्ता के गलियारे तक। चढ़ती दोपहर से लेकर अमावस के अंधियारे तक। सर्वत्र चमचों का ही राज चलता है। चमचों से ही सारा काज फलता है। बिन

व्यंग्य : ठंड में पकौड़े और पुण्य का अवसर

कई दिनों से मेरी भुजाएं फड़फड़ा रही है कि मैं कोई एक ढंग का पुण्य कर ही दूं। एक स्वामी जी पुण्य के फायदे गिना रहे थे। वे फाइव स्टार

व्यंग्य : अधिनियम के दायरे में पूंछ हिलाना ही फायदेमंद

गली में दो गुटों के बीच कई कुत्तों का कुश्ती फाइनल मैच चल रहा था। उनके मैच के बीच से गुजर कर हमें घर आना था। हम दोनों कुत्ता गुटों

व्यंग्य : जिसे चिरिंडा खरीदना हो वह मेरे करीब आ जाए

ढर्र डब: डब: ढर्र! ढर्र डब: डब: ढर्र! हां तो मेरे सारे मेहरबान! कदरदान! पानदान! पीकदान! तुम सबका मेरे इस मजमे में स्वागत है। मिस चोपड़ी! अब नचाए मसान की

ऐसे कीजिए पति के उपयोग!

सुबह 4:00 बजे मेरी सगी पत्नी मेरी रजाई खींच देती है। पत्नी श्री हाथों को रजाई में दुबकाए प्रातः कालीन सभा की शुरुआत भजनों से करती है। उनके भजन लय

व्यंग्य : भिखारी अधिकारी के रूप में इंटर्नशिप सर्टिफिकेट!

ऑल इंडिया भिखारी इंस्टिट्यूट के मुताबिक देश में भिखारियों का स्वर्णिम भविष्य है। लेकिन इसमें प्रवेश की प्रक्रिया में भारी कठिनाई है। प्रवेश के लिए कम से कम पोस्ट ग्रेजुएट

व्यंग्य : जरूरी है राष्ट्रीय गाली कोष का निर्माण

देश में भयंकर लोकतांत्रिक व्यवस्था है और कहीं न कहीं किसी न किसी स्थान पर रोज ही चुनाव होते रहते हैं। देश में हर कहीं आदर्श आचरण संहिता का पालन

व्यंग्य : देखिए सरकारी अस्पताल की मनोरम झांकी

मैं हर 20 दिन में बीमार पड़ना चाहता हूं। डॉक्टरों के सतयुग के लिए अस्पताल जाना चाहता हूं। अस्पताल का बिस्तर और पलंग जानता है मुझे। ऊपर से नीचे तक

व्यंग्य : हे भीड़ पति तेरी बारंबार जय हो!

कहावतों में बड़ी घपलेबाजी चल रही है। कहावतों में भी राजनीति की बू आने लग गई है। कहावत है- ‘शेर का बच्चा एक ही अच्छा।’ इसकी पूंछ पकड़ने की कोशिश

व्यंग्य : शहर की स्वच्छता व उत्तम स्वास्थ्य के मंदिर

ठंड से ठिठुरते सूरज ने भरी दोपहरी में एक करवट ली। शहर की सड़कें धुआं-धुआं सी हो रही है। एक हलवाई सड़क को आगे से 10 फुट तक घेरे हुए

व्यंग्य : नए वर्ष में संकल्प ले लो संकल्प

नववर्ष सामने आ रहा है और मुझे संकल्प लेने के लिए उकसा रहा है। हालात ये हैं कि इधर मैं कोई संकल्प लेने के लिए सोचता हूँ उधर कोई न

व्यंग्य : आधुनिक चोर आचरण संहिता की महत्ता

प्राचीन काल में चोरों के दाढ़ी हुआ करती थी। चोरी करने का वही व्यक्ति अधिकारी होता था जो अदद एक घटाटोप दाढ़ी रखता था। चोर यूनियन में दाढ़ी रहित व्यक्ति

शिक्षा गुणवत्ता में सबसे फिसड्डी उत्तरप्रदेश को चलना है मीलों दूर

नीति आयोग ने 2016-17 के आंकड़ों के आधार पर ‘स्कूल एजुकेशन क्वालिटी इंडेक्स’ जारी की है। इसमें स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता के मामले में पहले स्थान पर केरल, दूसरे स्थान

गुणवत्ता पूर्ण स्वायत्त स्कूल परिसरों से शिक्षा का कायापलट

अगर नई शिक्षा नीति; एनईपी- 2019 का ड्राफ्ट उसकी परिकल्पना के अनुसार 2035 तक अमल में आ जाता है तो शिक्षा जगत में कई बदलाव देखने को मिलेंगे। यह दस्तावेज

व्यंग्य : अथ श्री कुर्सी प्राप्ति दसै टोटकं

1.नेताजी एक कुर्सी खरीद लाएं। कोई उन्हें भेंट कर दे तो अच्छा रहता है। अब इस कुर्सी के ऊपर ‘नेता नमो सर्व भ्रष्ट करवाय’ लिखें। अनीति या भ्रष्ट आचरण से

ताजी ऑक्सीजन माय एयर मास्क ऐप पर

वर्ष 2035 में एयर पोलूशन की स्थिति पर आलू युनिवर्सिटी के चालू छात्र द्वारा निबंध लिखा गया। इस निबंध को भारी वाहवाही मिली। यह आपके रीडार्थ सादर प्रेषित है महोदय

ताजी ऑक्सीजन माय एयर मास्क ऐप पर

वर्ष 2035 में एयर पोलूशन की स्थिति पर आलू युनिवर्सिटी के चालू छात्र द्वारा निबंध लिखा गया। इस निबंध को भारी वाहवाही मिली। यह आपके रीडार्थ सादर प्रेषित है महोदय

व्यंग्य : महाराष्ट्रीय मास्टर पॉलिटिकल रीजनिंग बुक

(क) अलग-अलग पार्टियों की ओर से चुनाव जीतने वाले आठ विधायक पी, क्यू, आर, एस, टी, वी, डब्ल्यू और वाई एक वर्गाकार मेज जो कि मंत्री पद की शपथ के

व्यंग्य : बनाएँ जायकेदार कुर्सी रबड़ी मलाई

कुर्सी रबड़ी मलाई में भारी मात्रा में विटामिन व मिनरल्स मिलते हैं। इसमें एंटीऑक्सीडेंट्स की मात्रा भी काफी मात्रा में पाई जाती है। इससे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। कुर्सी

व्यंग्य : शर्तिया सारे भूत भागते नजर आएंगे

इस मानव जीवन में कदम-कदम पर कई तरह के भूत-प्रेत बाधाएं आपके सामने मुंह फैलाए खड़ी होती है। सामाजिक भूत, राजनीतिक भूत, सांस्कृतिक भूत और बुद्धिजीवी भूत। ये आपके सामने

Translate »