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पर्यावरण की सुरक्षा ही हमारी सांसों की रक्षा है : बघेल

विजयपाल सैनी। विजय न्यूज ब्यूरो
शाहपुरा (जयपुर)। शहर में शनिवार को ग्रीनमैंन विजयपाल बघेल ने आज शाहपुरा के सरस्वती विधा पीठ उच्च माध्यमिक विधालय में बच्चों को सम्बोधित करते हुए कहा कि ग्लोबल वार्मिगं और जलवायु परिवर्तन की गम्भीर समस्या का दंश पूरा विश्व झेल रहा है वहीं भारत में बढते प्रदूषण से प्राकृतिक असंतुलन का खतरा दिन प्रति दिन बढ़ता जा रहा है लेकिन इसके समाधान के लिये सरकारों के पास कोई व्यवहारिक कार्यविधि नहीं है। देश में आज पर्यावरण आपात की स्थिति बनी हुयी है। सांसों का अकाल पड़ रहा है। जिसका मूल कारण घटती हरियाली ही है। क्योंकि सांस बनाने के कारखाने माने जाने वाले वृक्ष कम हो रहे है। गुजरात से दिल्ली व हरियाणा तक ’’ग्रीनवॉल विकसीत कराने की मांग रखने और इस बाबत जनजागरण करते हुए ग्रीनमेन विजयपाल बघेल नेयात्रा के 74वें दिन शाहपुरा में पहुँचे।
बघेल ने कहा कि मौसम बदलाव के समय तो देश गैस चेंम्बर में बदल जाता है। जिसका दोष दिपावली और पराली जलाने को देकर सरकारें आरोप प्रत्यारोप करके अपने दायित्व का निर्वहन कर रही है। भौतिक युग में प्रकृति की किसी को कोई चिंता नहीं है। जिसके घातक परिणाम भावी पीढियों को झेलने पड़ेगें। आज बच्चे साथ पानी की बोतल लाते है उसी तरह ऑक्सीजन का सिलेंडर साथ लेकर चलने की नौबत आने वाली है। जिसका निदान अब केवल ’’ग्रीन वॉल ऑफ इण्डिया’’ बनाने से ही संभव है जो अरावली पर्वतमाला का कवच बनकर पश्चिम विक्षोभ के वायु दबाव में आने वाली रेगिस्तान की धूल को रोकने का काम करेगी। सरस्वती विधा पीठ में बच्चों को सम्बोधित करते हुए कहां कि पोरबन्दर से कुरूक्षैत्र तक 16 सौ किलोमीटर लम्बी और 5 मीटर चौड़ी ग्रीन वॉल विकसीत कराये जाने की मांग संयुक्त राष्ट्र संघ के समक्ष बवच- 14 के माध्यम से उठाई गई थी जिस पर भारत सरकार विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण की रक्षा जन जागरण से ही होगी । हम सब को मिल कर आगे आना होगा। 11 दिसंबर के दिन दुनियां’’ विश्व पर्वत दिवस’’ मनाती है। उस दिन अरावली पर्वत श्रखला के अस्तित्व की रक्षा करने और ’’ग्रीन वॉल ऑफ इंडिया’’ बनाने की मांग को लेकर ग्लोबल ग्रीन पीस मिशन के तत्वावधान में 5 करोड़ हरित पदयात्रा का शुभारंभ गुजरात के पोरबंदर से दिनांक11-12-2019 को हुआ है, यह 100 दिवसीय पद यात्रा 4 राज्यों के 28 जिलों से गुजर रही है। इसका समापन 31- 3-2020 को कुरूक्षैत्र में होगा । इस अवसर पर विधालय के बच्चों ने भी बघेल से पर्यावरण से सम्बन्धित प्रशन किये। इस अवसर पर साहित्यकार राम स्वरूप रावतसरे, परविन्द्र तेवतिया, उमा बधेल, केदार टांक , कैलाश चन्द्र शर्मा, किरण शर्मा पार्षद, धर्म चन्द सैनी निदेशक, नरेन्द्र कुमार शर्मा प्रधनाचार्य, महेश ढीलान, मुकेश शर्मा सहित सैकड़ों लोग उपस्थित थे।

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